मऊ- सरयू नदी के बढ़ते जलस्तर और संभावित बाढ़ को देखते हुए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन ने दोहरीघाट स्थित गौरी शंकर घाट पहुंचकर बाढ़ सुरक्षा व्यवस्थाओं का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने बाढ़ राहत स्टॉक रूम, बाढ़ चौकी और पीएसी कैंप का जायजा लेते हुए अधिकारियों को हर समय सतर्क रहने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने राहत सामग्री की उपलब्धता की जानकारी ली और सिंचाई विभाग के अधिकारियों से सभी आवश्यक संसाधन पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रखने को कहा। उन्होंने निर्देश दिया कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी विभाग चौबीस घंटे अलर्ट मोड में रहें और राहत-बचाव कार्यों में किसी प्रकार की कमी न रहे। बाढ़ चौकी पर तैनात कर्मचारियों से उन्होंने पूरी जिम्मेदारी और सतर्कता के साथ कार्य करने को कहा। वहीं पीएसी कैंप में लाइफ जैकेट समेत अन्य बचाव उपकरणों का निरीक्षण कर उनकी गुणवत्ता और उपलब्धता की समीक्षा की। जवानों को किसी भी आपदा की स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। इस दौरान पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर, सिंचाई विभाग के अधिकारी तथा अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।





