वाराणसी, 31 मई 2026। बनारस से खजुराहो के लिए निर्धारित समय पर रवाना हुई गाड़ी संख्या 26506 वंदे भारत एक्सप्रेस के पिछले पैंटोग्राफ में यात्रा के दौरान तकनीकी गड़बड़ी आने पर रेलवे प्रशासन ने यात्री सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए ट्रेन को एहतियातन वाराणसी जंक्शन स्टेशन पर सुबह 5:28 बजे रोक दिया। यद्यपि वाराणसी जंक्शन इस ट्रेन का निर्धारित ठहराव नहीं है, फिर भी सुरक्षा मानकों का पूर्ण पालन करते हुए तत्काल आवश्यक कार्रवाई की गई। सूचना मिलते ही उत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल तथा पूर्वोत्तर रेलवे के अधिकारियों और कर्मचारियों ने युद्धस्तर पर मरम्मत कार्य शुरू किया। अपर मंडल रेल प्रबंधक बृजेश कुमार यादव, स्टेशन निदेशक अर्पित गुप्ता, मंडल यांत्रिक अभियंता दिवाकर वार्ष्णेय एवं सहायक विद्युत अभियंता कार्तिकेय सिंह सहित वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और कार्य की लगातार निगरानी करते रहे। दोनों रेलवे जोनों के उत्कृष्ट समन्वय से तकनीकी समस्या का समाधान किया गया तथा आवश्यक पावर ब्लॉक लेकर अग्रिम पैंटोग्राफ की भी विस्तृत जांच की गई। सभी सुरक्षा मानकों की पुष्टि के बाद ट्रेन को सुबह 9:35 बजे, 4 घंटे 7 मिनट की देरी से सुरक्षित रूप से अपने गंतव्य के लिए रवाना किया गया।
मरम्मत कार्य के दौरान रेल यातायात को न्यूनतम प्रभावित रखने के लिए प्रभावी परिचालन प्रबंधन किया गया, जिससे अन्य ट्रेनों का संचालन सामान्य रूप से जारी रहा। यात्री सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए वंदे भारत एक्सप्रेस का वातानुकूलित सिस्टम पूरे समय चालू रखा गया तथा स्वचालित दरवाजे खुले रखे गए। ट्रेन में यात्रा कर रहे कुल 168 यात्रियों में से भोजन विकल्प चुनने वाले 102 यात्रियों को निर्धारित समय पर नाश्ता उपलब्ध कराया गया, जबकि शेष 66 यात्रियों को भी निःशुल्क जलपान और पेयजल की सुविधा प्रदान की गई। पूरे घटनाक्रम के दौरान वाणिज्य विभाग, रेल सुरक्षा बल और राजकीय रेलवे पुलिस के अधिकारी एवं कर्मचारी यात्रियों की सहायता एवं मार्गदर्शन के लिए लगातार तैनात रहे। उत्तर रेलवे, लखनऊ मंडल की त्वरित निर्णय क्षमता, उत्कृष्ट समन्वय, प्रभावी संकट प्रबंधन और यात्री-केंद्रित कार्यशैली के कारण इस तकनीकी चुनौती का सुरक्षित एवं सफलतापूर्वक समाधान संभव हो सका। रेलवे प्रशासन ने बताया कि घटना की जांच जारी है और रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।





