मऊ- बेसिक शिक्षा विभाग की जिला अनुसरण समिति की बैठक में जिलाधिकारी आनंद वर्द्धन ने स्कूलों की व्यवस्थाओं और शैक्षणिक गुणवत्ता को लेकर अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी कि निरीक्षण में लापरवाही या कमी मिलने पर कार्रवाई में देर नहीं होगी। कैंप कार्यालय सभागार में हुई बैठक में स्कूल चलो अभियान, आरटीई, कस्तूरबा विद्यालय, डिजिटल उपस्थिति, विद्युत व्यवस्था, निर्माण कार्य और डीबीटी समेत कई योजनाओं की समीक्षा हुई। स्कूल चलो अभियान में पिछले वर्ष के 33,232 नए नामांकन के मुकाबले इस सत्र में अब तक 31,650 बच्चे जोड़े गए हैं। डीएम ने अगले दस दिनों में विशेष अभियान चलाकर पिछला रिकॉर्ड पार करने का लक्ष्य दिया। कस्तूरबा विद्यालयों में कम नामांकन पर भी उन्होंने अधिकारियों को विशेष प्रयास करने के निर्देश दिए।आरटीई के तहत 1,485 के लक्ष्य के सापेक्ष 1,303 बच्चों का प्रवेश हुआ है। शेष बच्चों के अभिभावकों से संपर्क कर नामांकन पूरा कराने को कहा गया। डिजिटल उपस्थिति में गिरावट पर मोहम्मदाबाद गोहना और रतनपुरा के अधिकारियों को फटकार लगी। खराब प्रदर्शन वाले विद्यालयों और जिम्मेदार शिक्षकों पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। विद्यालय निरीक्षण में पिछड़ रहे सीडीपीओ पर भी कार्रवाई की संस्तुति के निर्देश दिए गए। डीएम ने सभी विद्यालयों में बिजली कनेक्शन, किचन गार्डन के रखरखाव और डीबीटी राशि के सदुपयोग की निगरानी बढ़ाने को कहा। साथ ही सुबह साढ़े आठ बजे से पहले स्कूलों की उपस्थिति की जानकारी लेने के लिए कॉल सेंटर स्थापित करने के निर्देश दिए। बैठक में जिला विद्यालय निरीक्षक गौतम प्रसाद, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी संतोष कुमार उपाध्याय, समस्त खंड शिक्षा अधिकारी एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
डीएम ने बेसिक शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में दिए सख्त निर्देश, डिजिटल हाजिरी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर, दस दिन में पिछला नामांकन रिकॉर्ड तोड़ने का लक्ष्य




