अधिकारियों ने बताया कि सोमवार तड़के कानपुर से रतलाम जा रही एक निजी बस में कथित तौर पर शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई, जिससे दो दर्जन से अधिक यात्री बाल-बाल बच गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि सभी यात्री समय रहते बस से सुरक्षित बाहर निकलने में कामयाब रहे, लेकिन उनका सामान आग में पूरी तरह नष्ट हो गया।
यह घटना सीपरी बाजार इलाके में नंदनपुरा के पास शिवपुरी रोड पर देर रात करीब 2 बजे हुई, जब दो दर्जन से अधिक यात्रियों को लेकर बस कानपुर से रतलाम और उज्जैन जा रही थी।
बस स्टाफ के सदस्य आनंद भदौरिया के मुताबिक, स्पीड ब्रेकर पर गाड़ी को झटका लगने के बाद बस की लाइटें अचानक बंद हो गईं। जब कर्मचारी समस्या का निरीक्षण करने के लिए रुके तो बैटरी सेक्शन के पास से धुआं निकलता दिखाई दिया।
उन्होंने बताया कि खतरे को भांपते हुए यात्रियों को तुरंत बस से बाहर निकाला गया।
अधिकारियों ने बताया कि कुछ ही देर में वाहन में आग लग गई और वह आग की लपटों में घिर गया। अधिकारियों ने बताया कि समय पर निकासी के कारण कोई हताहत नहीं हुआ।
जिला अग्निशमन अधिकारी राज किशोर राय ने बताया कि घटना की सूचना देर रात करीब 2.10 बजे मिलने के बाद शहर और सीपरी से दमकल टीमें मौके पर पहुंचीं और करीब आधे घंटे के भीतर आग पर काबू पा लिया।
उन्होंने कहा, “सभी यात्री सुरक्षित हैं। प्रथम दृष्टया, आग बस की वायरिंग में शॉर्ट सर्किट के कारण लगी प्रतीत होती है। मामले की जांच की जा रही है।”
राय ने बस ऑपरेटरों से यह सुनिश्चित करने की भी अपील की कि आपात स्थिति के दौरान जानमाल के नुकसान को रोकने के लिए यात्री बसों में आगे और पीछे दोनों आपातकालीन निकास चालू रहें।
उन्होंने कहा कि आजकल कई यात्री बसें केवल सामने वाले दरवाजे के साथ चलती हैं, जिससे दुर्घटनाओं के दौरान घबराहट और भगदड़ जैसी स्थिति पैदा हो सकती है।
उन्होंने कहा, “यदि दोनों दरवाजे चालू रहें, तो आपात स्थिति के दौरान यात्रियों को जल्दी से निकाला जा सकता है।”
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